- मंदिर से रास्तों तक भिवानी पुलिस की नाकाबंदी 88 जवान तैनात, CCTV से निगरानी
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : भिवानी जिले के गांव देवसर स्थित देवसर धाम माता मंदिर में नवरात्रि की रोनक दिखने लगी है। श्रद्धालु मंदिर में पूजा पाठ के लिए पहुंचने लगे हैं, हालांकि मुख्य भीड़ सप्तमी, अष्ठमी व नवमी के दिन होती है। इस मंदिर का इतिहास भी करीब 733 साल पुराना बताया जा रहा है। मंदिर के पुजारियों के अनुसार करीब 733 साल पहले माता की मूर्ति की स्थापना की गई थी। जिसके बाद से ही लोगों की आस्था व श्रद्धा का केंद्र बना हुआ है।
देवसर धाम माता मंदिर के पुजारी कंवर पाल ने कहा कि शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर से आरंभ हो चुके हैं, वहीं 20 अक्टूबर तक जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि इस बार एक नवरात्रि बढ़ा हुआ है, धर्मिक मान्यता के अनुसार इसे अच्छा माना जाता है। इस दौरान मंदिर में पूजा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं व भक्तों की सुरक्षा के लिहाज से पूरे मंदिर परिसर में सीसीटीवी लगाए गए हैं।
उन्होंने बताया कि पूरे परिसर को कवर किया गया है। साथ ही एसपी के निर्देश पर पुलिस के जवान भी तैनात किए गए हैं। उन्होंने कहा कि नवरात्रि के दिनों में दूर-दराज से लोग यहां पूजा अर्चना के लिए पहुंचते हैं। माता रानी लोगों की मन्नतें पूरी करती हैं।
ट्रैफिक के लिए प्लान बनाया
उन्होंने कहा कि ट्रैफिक की व्यवस्था विशेष रूप से की गई है। माता रानी मंदिर से करीब एक किलोमीटर दूर स्टेडियम में है। वहां पर ट्रैफिक की व्यवस्था है। वहां से आने के लिए श्रद्धालुओं के लिए ऑटों की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि दिव्यांगों व चलने-फिरने में असमर्थ श्रद्धालुओं के लिए व्हीलचेयर की व्यवस्था भी की गई है। नवरात्रि पर वॉलंटियर के रूप में गांव के युवा तैनात किए जाते हैं। रेडक्रॉस व प्रशासन मिलकर पूरी व्यवस्था बनाते हैं।
88 पुलिस के जवान तैनात
मंदिर में नवरात्रि के दौरान सुरक्षा के लिहाज से पुलिस के जवानों की भी ड्यूटी लगाई गई है। क्योंकि नवरात्रि के दिनों में श्रद्धालुओं की भीड़ होती है, उसको नियंत्रित करने के लिए पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। इसको लेकर मंगलवार को सदर थाना एसएचओ महाबीर सिंह ने भी मंदिर परिसर का दौरा किया और व्यवस्थाओं को जायजा लिया। इसके अलावा नवरात्रि पर सुरक्षा के लिए 88 पुलिस के जवान तैनात किए गए हैं।
ये जवान अलग-अलग शिफ्ट में तैनात रहते हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को घटित होने से रोका जा सके। वहीं माता रानी के मंदिर की तरफ आने वाले रास्तों पर भी पुलिस की नाकाबंदी की गई है।
733 साल पुराना देवसर धाम का इतिहास
मंदिर के पुजारी के अनुसार देवसर धाम का इतिहास लगभग 733 साल पुराना है। इसकी शुरुआत एक बंजारे द्वारा मां दुर्गा की मूर्ति को पहाड़ी से निकालकर स्थापित करने से हुई थी। कहा जाता है कि एक बंजारा अपनी गायों के साथ इस क्षेत्र से गुजर रहा था, जब उसकी गायें खो गईं। रात में देवी मां ने उसे सपने में दर्शन देकर पहाड़ी में दबी मूर्ति को स्थापित करने को कहा। मूर्ति स्थापित करने के बाद उसकी गायें वापस मिल गईं, तभी से यह स्थान पूजनीय बन गया।