- बिना रजिस्ट्रेशन के प्रैक्टिस, संचालकों को चेतावनी देकर छोड़ा
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : सोनीपत जिले के कुंडली क्षेत्र में हेल्थ विभाग की टीम ने कथित झोलाछाप क्लिनिकों के खिलाफ छापेमारी कार्रवाई की। टीम ने कई क्लिनिकों पर पहुंचकर संचालकों की चिकित्सकीय योग्यता, डिग्री-डिप्लोमा और इलाज से संबंधित दस्तावेजों की जांच की।
जांच के दौरान कुछ क्लिनिकों में प्रतिबंधित और एक्सपायरी दवाइयां मिलने के साथ मेडिकल वेस्ट के निस्तारण की उचित व्यवस्था नहीं मिली। इसके बावजूद औपचारिकता पूरी कर कोई कार्रवाई नहीं की गई और चेतावनी देकर छोड़ा गया। वहीं, कार्रवाई की भनक लगते ही कुछ संचालक क्लिनिकों के शटर गिराकर मौके से चले गए।
हरियाणा में रजिस्ट्रेशन नहीं मिला
हेल्थ इंस्पेक्टर डॉ. विकास तुसीर ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की जांच में कुछ संचालकों के पास उत्तर प्रदेश समेत अलग-अलग स्थानों से प्राप्त डिग्री या अन्य शैक्षणिक दस्तावेज होने की जानकारी सामने आई। हालांकि, इन दस्तावेजों के आधार पर हरियाणा में चिकित्सकीय प्रैक्टिस के लिए आवश्यक रजिस्ट्रेशन होने की पुष्टि नहीं हो सकी। ऐसे में बिना वैध रजिस्ट्रेशन गंभीर बीमारियों का इलाज किए जाने को लेकर विभाग ने रिकॉर्ड की जांच की।
प्रतिबंधित और एक्सपायरी दवाइयां
डॉ. विकास तुसीर ने कहा कि जांच के दौरान टीम ने कई क्लिनिकों में रखी दवाइयों और मेडिकल सामग्री को भी देखा। कुछ स्थानों पर प्रतिबंधित दवाइयां मिलने की बात सामने आई, जबकि कुछ दवाइयां एक्सपायरी डेट की भी मिलीं। इसके अलावा मेडिकल वेस्ट के सुरक्षित निस्तारण की व्यवस्था भी नहीं मिली। उनको चेतावनी देकर छोड़ा गया है।
बोर्ड पर गंभीर बीमारियों के इलाज के दावे
कुछ क्लिनिकों के बाहर लगे बोर्ड पर गंभीर बीमारियों का इलाज करने के दावे लिखे हुए मिले। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ऐसे दावों के आधार और संचालकों की चिकित्सकीय योग्यता से संबंधित दस्तावेजों की जानकारी ली। टीम ने क्लिनिकों में मरीजों को दी जा रही चिकित्सा सुविधाओं की भी जांच की।
क्लिनिक में मरीज को ग्लूकोज चढ़ाते मिली टीम
जांच के दौरान एक क्लिनिक में स्वास्थ्य विभाग की टीम के सामने मरीज को ग्लूकोज चढ़ाया जा रहा था। टीम ने मौके पर मौजूद मेडिकल सामग्री और दवाइयों की जांच की। इस दौरान इलाज से संबंधित व्यवस्थाओं को भी देखा गया और संचालक से आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया।
दवा लेने के बाद एलर्जी की शिकायत का दावा
कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद एक व्यक्ति ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को बताया कि उसने संबंधित क्लिनिक से दवा ली थी। उसके अनुसार दवा का सेवन करने के बाद उसे और उसकी पत्नी को एलर्जी की शिकायत हुई। व्यक्ति की शिकायत को टीम के सामने रखी गई जानकारी के तौर पर लिया गया।
प्रतिबंधित दवाओं के बावजूद चेतावनी देकर छोड़ा
जांच के दौरान अनियमितताएं मिलने के बावजूद संबंधित क्लिनिक संचालकों के खिलाफ मौके पर तत्काल कड़ी कार्रवाई नहीं की गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने उन्हें नियमों का पालन करने की चेतावनी दी। हालांकि, प्रतिबंधित और एक्सपायरी दवाइयां मिलने के मामलों में आगे क्या कार्रवाई होगी, यह विभागीय जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होगा।