- पेंशन विभाग का ग्रुप-डी कर्मचारी भी गिरफ्तार
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : हरियाणा पुलिस की राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (SV & ACB) ने नूंह जिले में बड़ी कार्रवाई की है। ब्यूरो ने बिजली विभाग के फोरमैन को 14 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी नगीना सब-डिवीजन में फोरमैन के पद पर कार्यरत है। वहीं, चरखी दादरी विजिलेंस टीम ने ग्रुप डी कर्मचारी को 9 हजार की रिश्वत लेते हुए अरेस्ट किया है।
SV & ACB को एक व्यक्ति ने सूचना दी थी कि उसका ट्रांसफार्मर खराब हो गया था। इसे बदलकर नया 25 एचपी ट्रांसफार्मर लगवाने के लिए फोरमैन शौकत 15 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहा था। शिकायत की प्रारंभिक जांच में तथ्य सही पाए गए, जिसके बाद आरोपी को पकड़ने के लिए एक जाल बिछाने की योजना बनाई गई।
गुरुग्राम में दर्ज किया गया केस
इंस्पेक्टर संतराम, SVACB यूनिट गुरुग्राम के नेतृत्व में ब्यूरो की टीम ने जाल बिछाया। योजना के अनुसार, शिकायतकर्ता को आरोपी शौकत के पास भेजा गया। जैसे ही फोरमैन शौकत ने शिकायतकर्ता से 14 हजार रुपए की रिश्वत ली, सतर्कता टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। रिश्वत की रकम भी मौके से बरामद कर ली गई।
ग्रुप डी कर्मचारी भी अरेस्ट
इसके अलावा समाज कल्याण विभाग में पेंशन बनवाने के नाम पर रिश्वत लेने के आरोप में एक डी-ग्रुप कर्मचारी को गिरफ्तार किया गया है। चरखी दादरी विजिलेंस टीम ने मंगलवार को पेंशन विभाग के कर्मचारी मुकेश करदम को 9 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा।
आरोपी मुकेश कर्दम पर आरोप है कि वह प्रत्येक पेंशन फाइल के लिए 3 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहा था। शिकायतकर्ता ने तीन लोगों की पेंशन बनवाने के लिए आरोपी से संपर्क किया था, जिसके लिए 9 हजार रुपए में सौदा तय हुआ था।
शिकायतकर्ता ने दो लोगों के दस्तावेज पहले ही दे दिए थे। मंगलवार को तीसरे व्यक्ति के दस्तावेज देने के साथ ही 9 हजार रुपए आरोपी को सौंपे गए। इसी दौरान इंस्पेक्टर फतेह सिंह के नेतृत्व में विजिलेंस टीम ने दबिश दी और आरोपी को रिश्वत की रकम के साथ गिरफ्तार कर लिया।
विजिलेंस टीम ने शुरू की जांच
विजिलेंस इंस्पेक्टर फतेह सिंह ने बताया कि शिकायत के आधार पर टीम ने कार्रवाई की। आरोपी को 9 हजार रुपए लेते हुए गिरफ्तार किया गया है और मामले में नियमानुसार आगामी कार्रवाई की जा रही है।
पेंशन विभाग में रिश्वतखोरी के आरोपों के बीच महज छह माह में यह दूसरी गिरफ्तारी है। इससे पहले 26 फरवरी 2026 को नूंह के जिला समाज कल्याण विभाग के पेंशन विंग में तैनात कर्मचारी मुकेश कुमार को एंटी करप्शन ब्यूरो ने तीन बुजुर्गों की पेंशन बनवाने के नाम पर 10 हजार रुपये रिश्वत मांगने के आरोप में गिरफ्तार किया था।