October 31, 2026
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  • रेलवे पुल के नीचे पुलिस ने नाकाबंदी कर पकड़ा, दूसरा आरोपी बैग लेकर मौके से फरार

हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : दीपावली के आसपास पटाखों की अवैध बिक्री पर रोक लगाने के लिए पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तरावड़ी रेलवे पुल के नीचे से 100 डिब्बी विस्फोटक पटाखे बरामद किए हैं। पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि उसका दूसरा साथी पुलिस को देखकर बैग लेकर नहीं, बल्कि मौके से भागने में सफल रहा। पकड़ा गया आरोपी पटाखे बेचने के लिए करनाल से तरावड़ी ला रहा था। उसके पास पटाखे रखने और बेचने का कोई लाइसेंस या परमिट नहीं मिला। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।

मुखबिर की सूचना पर रेलवे पुल के नीचे नाकाबंदी

पुलिस के अनुसार, 30 अक्टूबर को एएसआई हरविश कुमार और एएसआई सुरेश कुमार पुलिस टीम के साथ तरावड़ी कस्बे में गश्त और अपराधों की जांच कर रहे थे। इसी दौरान मुखबिर खास ने सूचना दी कि वार्ड नंबर 13 निवासी चरणदास पुत्र नानक चंद और तुषार पुत्र दीवान चंद करनाल से पटाखे लेकर तरावड़ी आ रहे हैं। वे इन्हें बेचने की फिराक में हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने तरावड़ी रेलवे पुल के नीचे नाकाबंदी कर दी।

पुलिस को देखकर तुषार फरार, चरणदास पकड़ा

कुछ देर बाद करनाल की तरफ से दो युवक एक बड़े भूरे रंग के बैग के साथ आते दिखाई दिए। पुलिस को दूर खड़ा देखकर एक युवक मौके से भाग गया, जबकि दूसरे को पुलिस ने पकड़ लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम चरणदास पुत्र नानक चंद निवासी वार्ड नंबर 13 तरावड़ी बताया। उसने भागने वाले युवक की पहचान तुषार पुत्र दीवान चंद निवासी वार्ड नंबर 13 तरावड़ी के रूप में बताई।

बैग में मिले अलग-अलग कंपनियों के पटाखे पुलिस ने चरणदास के बैग की तलाशी ली तो उसमें अलग-अलग प्रकार के पटाखों के 100 डिब्बे मिले। इनमें रामंस किटकैट के 16, कल्कि 12 शॉट्स के 2, ग्राउंड चक्कर के 20, के-0201 लेपर्ड किंग के 30, ओरिजिनल पॉप के 30 और लैंसर क्रैकिंग फैंसी के 2 डिब्बे शामिल थे। पुलिस के अनुसार, डिब्बों को खोलकर जांचने पर उनमें थ्रो तीली बम (विस्फोटक पदार्थ) मिले।

लाइसेंस नहीं मिला, आग बुझाने का उपकरण भी नहीं था पुलिस ने चरणदास से पटाखे रखने, बनाने और बेचने से संबंधित लाइसेंस, परमिट और अग्निशमन अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) मांगा, लेकिन वह कोई दस्तावेज पेश नहीं कर सका। मौके पर आग बुझाने का कोई उपकरण भी नहीं मिला। आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह ये पटाखे बेचने के लिए लेकर आया था।

6 डिब्बे नमूने के लिए रखे, मुकदमा दर्ज पुलिस ने बरामद 100 डिब्बों में से 6 डिब्बे अलग-अलग नमूने के तौर पर निकाले। मामले की जांच एएसआई हरविश कुमार को सौंपी गई है। अब पुलिस मामले की गहनता अौर गंभीरता से जांच कर रही है।