- सीने में दर्द उठने पर कराया था भर्ती
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : ओलिंपिक में भारत का नाम रोशन करने वाली झज्जर की स्टार शूटर मनु भाकर के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मनु भाकर की दादी दया कौर का मंगलवार को 84 साल की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने रोहतक के एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली। बताया जा रहा है कि उन्हें सीने में दर्द की शिकायत के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
दया कौर की उम्र अधिक होने के कारण पिछले कुछ समय से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां चल रही थीं। तबीयत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान मंगलवार को उनका निधन हो गया।
मनु भाकर से बेहद खास रिश्ता था
मनु भाकर और उनकी दादी दया कौर के बीच बेहद गहरा रिश्ता था। दादी अपनी पोती से बेहद प्यार करती थीं और मनु के लिए परिवार के सबसे बड़े भावनात्मक सहारों में से एक थीं। मनु जब भी समय निकाल पाती थीं, दादी के साथ वक्त बिताती थीं।
अपने हाथ का चूरमा खिलाकर करती थीं दुलार
दया कौर अपनी पोती मनु भाकर को बेहद दुलार करती थीं। वह अक्सर अपने हाथों से चूरमा बनाकर मनु को खिलाती थीं। परिवार के मुताबिक दादी और पोती के बीच का यह रिश्ता बेहद खास था। मनु की खेल उपलब्धियों और ओलिंपिक में शानदार प्रदर्शन पर दया कौर को अपनी पोती पर बेहद गर्व था।
ओलिंपिक में देश का नाम रोशन कर चुकी मनु
मनु भाकर ने पेरिस ओलिंपिक में शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत के लिए दो कांस्य पदक जीते थे। उनकी इस उपलब्धि ने उन्हें देश की प्रमुख महिला निशानेबाजों में शामिल कर दिया। उनकी सफलता में परिवार के समर्थन की भी अहम भूमिका रही है।
दादी के निधन की खबर से मनु भाकर और उनका परिवार गहरे सदमे में है। परिवार और परिचितों की ओर से दया कौर के निधन पर शोक जताया जा रहा है।