- फतेहाबाद सरकारी अस्पताल में घुसा पानी
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : हरियाणा में मंगलवार को 10 जिलों गुरुग्राम, सोनीपत, हिसार, महेंद्रगढ़, हांसी, कैथल, रोहतक, भिवानी, रेवाड़ी और फतेहाबाद में आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई। एक ओर जहां इससे लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं आंधी-बारिश के कारण जनजीवन भी प्रभावित हुआ।
हांसी में बारिश से जलभराव हो गया, जिसके कारण बड़सी गेट स्थित श्याम मंदिर से निकाली गई कलश यात्रा में महिलाओं को घुटने तक पानी में होकर गुजरना पड़ा। फतेहाबाद के सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों के रूम में बारिश का पानी घुस गया। अस्पताल में हाल ही में 6 करोड़ रुपए खर्च कर रेनोवेशन का काम करवाया गया था।
वहीं, सिरसा के गांव जोगीवाला में बारिश के कारण मकान में बनाई गई पशु डेयरी की छत गिर गई। इससे वहां बांधी गई 21 गाय छत के मलबे के नीचे दब गई। पता चलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर दबी गायों को बाहर निकाला। इस हादसे में कुछ गायों को चोटें भी आई है।
उधर, मौसम विभाग ने आज प्रदेश के सभी 23 जिलों में आंधी-बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। अगले तीन दिन तक लगातार बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
जून के शुरुआती 15 दिनों में जमकर बरसे मेघ
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 1 जून से 15 जून के बीच हरियाणा में प्री-मानसून की अच्छी गतिविधियां देखने को मिली हैं। इस दौरान हरियाणा में औसतन 20.3 MM बारिश दर्ज की जा चुकी है, जो कि इस अवधि की सामान्य बारिश (17.3 MM) से अधिक है। पश्चिमी विक्षोभ के बार-बार सक्रिय होने से पलवल, रेवाड़ी, फतेहाबाद और कुरुक्षेत्र जैसे जिलों में सामान्य से ज्यादा पानी बरसा है।
40 डिग्री के नीचे आया पारा, फरीदाबाद सबसे गर्म
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के औसत अधिकतम तापमान में 0.8°C की गिरावट दर्ज की गई है, जिससे गर्मी से बड़ी राहत मिली है। राज्य में सबसे अधिक तापमान फरीदाबाद में 39.2°C रिकॉर्ड किया गया, जो कि 40 डिग्री से नीचे है। वहीं, गुरुग्राम में 36.2°C और हिसार में 36.9°C पारा दर्ज हुआ। सिरसा में हाल ही में सबसे ज्यादा 19 MM बारिश दर्ज की गई है।
रात के पारे में गिरावट, उमस से राहत
दिन में चल रही ठंडी हवाओं और धूलभरी आंधी के कारण सूबे में रात के न्यूनतम तापमान में भी भारी गिरावट आई है। पश्चिमी विक्षोभ के असर से रात का पारा सामान्य से 1.5°C से लेकर 3.1°C तक नीचे लुढ़क गया है। देर शाम और रात के समय चल रही ठंडी हवाओं की वजह से उमस भरी गर्मी गायब हो गई है।