September 5, 2026
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  • मोहाली में MACT का फैसला, अंबाला के व्यक्ति का हाथ कटा था

हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज :  अगर किसी व्यक्ति के पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं तो उसे ही दुर्घटना का जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता, यह टिप्पणी करते हुा मोहाली स्थित मोटर एक्सीडेंट क्लेम्स ट्रिब्यूनल (MACT) ने इंश्योरेंस कंपनी को 7.5% ब्याज समेत साढ़े 17 लाख रुपए मुआवजा देने का आदेश दिया है।

दरअसल, मोहाली में 2 साल पहले शादी से लौट रहे बाप-बेटे को तेज रफ्तार टिप्पर ने टक्कर मार दी थी। इस हादसे में हरियाणा के अंबाला के रहने वाले 56 साल के जोगिंदर सिंह घायल हो गए थे। उनका दाहिना हाथ पहिए के नीचे आ गया और इलाज के दौरान उसे काटना पड़ा।

इस वजह से उनका वर्षों पुराना वेल्डिंग का काम भी छूट गया। हादसे के बाद इलाज कराने और हाथ कटने के कारण जोगिंदर भारी नुकसान में आए तो उन्होंने मुआवजे के लिए कानूनी लड़ाई शुरू की। ट्रिब्यूनल के फैसले के आगे इंश्योरेंस कंपनी की कोई दलील नहीं चली।

शादी से लौट रहा था, टिप्पर ने बाइक को टक्कर मारी

24 नवंबर 2024 की शाम करीब साढ़े 5 बजे अंबाला निवासी जोगिंदर सिंह अपने बेटे रमनदीप सिंह के साथ स्प्लेंडर बाइक से नारायणगढ़ की ओर से लौट रहे थे। मोहाली के हैंडेसरा गांव के पास तेज और लापरवाही से मोड़ काट रहे टिपर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में जोगिंदर का दाहिना हाथ टिपर के पहिए के नीचे आ गया और बुरी तरह कुचल गया।

घायल बाप-बेटे को राहगीर अस्पताल ले गए

हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुटने लगी तो ड्राइवर टिप्पर लेकर फरार हो गया। जोगिंदर ने टिप्पर का नंबर HR-68-C-2345 नोट कर लिया था। इसके बाद राहगीरों ने दोनों को अंबाला के मेहंदीरत्ता अस्पताल पहुंचाया। गंभीर चोट के कारण जोगिंदर का इलाज लंबे समय तक चला।

इलाज के दौरान काटना पड़ा दाहिना हाथ

जांच में डॉक्टरों ने पाया कि हाथ बुरी तरह कुचल चुका था और कई हड्डियां टूट गई थीं। इलाज और प्लास्टिक सर्जरी के बावजूद हाथ बचाया नहीं जा सका। जोगिंदर के अनुसार, उन्हें 24 से 27 नवंबर 2024 और फिर 17 से 19 दिसंबर तक अस्पताल में भर्ती रहना पड़ा। इलाज और दवाओं पर 6.37 लाख रुपए से ज्यादा खर्च हुए।

दो दिन बाद FIR दर्ज हुई

हादसे के अगले दिन पुलिस बयान लेने अस्पताल पहुंची, लेकिन जोगिंदर का ऑपरेशन चल रहा था। डॉक्टरों ने उस समय बयान दर्ज नहीं करने दिया। अगले दिन 26 नवंबर 2024 को बयान लेने के बाद हैंडेसरा थाने में FIR नंबर 64 दर्ज की गई।