- बोले- नीचे वालों ने नहीं सुनी, ऊपर वाला जरूर सुनेगा
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : हरियाणा पुलिस से बर्खास्त कैथल के पूर्व हेड कॉन्स्टेबल सुनील संधू नौकरी बहाली के लिए कांवड़ ला रहे हैं। उन्होंने कहा- नीचे वालों ने तो उनकी नहीं सुनी, अब ऊपर वाले से न्याय की उम्मीद है। इस यात्रा में सुनील के साथ गांव के ही चार-पांच युवक भी शामिल हैं।
सुनील कैथल से इसुजु गाड़ी में पौधे भरकर हरिद्वार पहुंचे। वहां से गंगाजल भरकर कैथल के लिए खुद पैदल रवाना हुए, जबकि साथी युवक गाड़ी चला रहे हैं। सुनील ने कहा, रास्ते में जहां भी मौका मिलता है। एक पौधा लगा देते हैं।
शनिवार रात यमुनानगर पहुंचने पर उन्होंने कहा, करीब 120 किलोमीटर की यात्रा हो चुकी है। आगे भी इतना ही सफर बचा है। वहीं, कुछ अन्य कांवड़िए अपनी कांवड़ पर सुनील का फोटो लगाकर चल रहे हैं।
दरअसल, फरवरी में सुनील को पुलिस की छवि खराब करने के आरोप में तत्कालीन एसपी उपासना सिंह ने बर्खास्त कर दिया था। सुनील ने एक DSP पर धमकाने का आरोप लगाया था, इसके बाद इस जुड़ी एक पोस्ट सोशल मीडिया पर भी वायरल की।
कांवड़ यात्रा पर क्या बोले सुनील…
गाड़ी में पौधे रखे कांवड़ यात्रा: कैथल के बरटा गांव के सुनील संधू ने बताया कि 3 अगस्त को वह अपने पांच साथियों के साथ कांवड़ यात्रा के लिए निकले थे। घर से वे एसुजु गाड़ी लेकर निकले। जिसमें पीछे कुछ पौधे भी रख लिए। हरिद्वार से जल भरने के बाद रास्ते में जहां भी रोड किनारे कोई जगह दिखी, वहीं एक पौधा लगा दिया।
नौकरी बहाली की उम्मीद: अपनी इस यात्रा के बारे में उन्होंने कहा, कई महीने से ड्यूटी पर नहीं गया हूं। नौकरी जाने के बाद किसी अधिकारी ने उनकी एक बात भी नहीं सुनी। अब ऊपर वाले से बहाली की उम्मीद लेकर हरिद्वार आए थे। उम्मीद है भोलेनाथ जल्द ही उनकी बात भी सुनेंगे।
कांवड़ियों ने फोटो लगाई: सुनील ने कहा- रास्ते में उन्होंने पौधे को साथ कई तिरंगे भी बांटे हैं। हरिद्वार में कई ऐसे कांवड़िए मिले, जिन्होंने अपनी कांवड़ में उनकी फोटो लगा रखी है। कुछ युवाओं ने गंगाजी में भी फोटो लेकर स्नान किया है।
हरियाणा में ढाई लाख पौधे लगाए
सुनील संधू ने बताया कि वे अब तक हरियाणा में अलग-अलग जगह पर करीब ढाई लाख पौधे लगा चुके हैं। अब वे कावड़ यात्रा के दौरान भी हरिद्वार से लौटते समय करीब 80 पौधे लगा चुके हैं। अब कैथल तक 100 पौधे लगाने हैं।
पढ़िए, सुनील को क्यों किया गया बर्खास्त
- फरवरी माह में सुनील ने नशे के खिलाफ पुलिस अभियान की कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर की थी। इसके बाद उच्चाधिकारियों के संज्ञान में मामला आया तो उन्होंने सुनील को इन्हें हटाने की बात कही।
- इसी दौरान सुनील ने आरोप लगाया कि DSP ललित यादव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालने पर उन्हें धमकाया है। सुनील ने इसकी शिकायत उच्चाधिकारियों से करने के बजाए सोशल मीडिया पर मामले में पोस्ट शेयर की।
- इसके बाद तत्कालीन एसपी उपासना सिंह ने उन्हें बर्खास्त कर दिया था। उन्होंने कहा था, इस मामले में पुलिस की छवि खराब हुई है। सुनील ने नियमों को अनदेखा कर सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर की। इसके बाद ही उन पर कार्रवाई हुई।