- यहां चलना भी मुश्किल, बुलडोजर चलाने से विकास नहीं होगा
हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : हरियाणा के सबसे आधुनिक और हाईटेक शहर माने जाने वाले गुरुग्राम के विकास के बड़े-बड़े दावों पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान लगाया गया है। इस बार प्रशासन और व्यवस्था को किसी विपक्ष ने नहीं, बल्कि सत्ताधारी दल हरियाणा भारतीय जनता पार्टी के पूर्व प्रचार प्रमुख रॉकी मित्तल ने कटघरे में खड़ा किया है।
रॉकी मित्तल ने सोशल मीडिया पर एक के बाद एक कई वीडियो जारी कर गुरुग्राम की सड़कों की बदहाली, जानलेवा गड्ढों और चारों तरफ फैली गंदगी की जमीनी हकीकत को उजागर करते हुए नगर निगम और स्थानीय प्रशासन के दावों की पूरी पोल खोल कर रख दी है।
सोशल मीडिया पर जारी किए गए कादीपुर में सड़क की हालात को लेकर वीडियो में रॉकी मित्तल ने कहा कि शहर की मुख्य और व्यस्ततम सड़कों की हालत बेहद खस्ता हो चुकी है। सड़कों पर कई फीट चौड़े और गहरे गड्ढे बने हुए हैं, जो वाहन चालकों के लिए किसी काल से कम नहीं हैं। यहां उन्होंने स्थानीय लोगों से भी बातचीत की।
सड़कों पर बने ‘जानलेवा’ गड्ढे और आए दिन होते हादसे
उन्होंने वीडियो में दिखाया कि कैसे इन गड्ढों के कारण रोजाना छोटी-बड़ी दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिसमें दोपहिया वाहन चालक सबसे ज्यादा चोटिल हो रहे हैं। व्यस्त समय में इन गड्ढों के कारण शहर की लाइफलाइन माने जाने वाले रास्तों पर घंटों लंबा ट्रैफिक जाम लग जाता है, जिससे नौकरीपेशा लोगों और आम जनता को भारी मानसिक व शारीरिक प्रताड़ना झेलनी पड़ रही है।
जलभराव से बढ़ी मुश्किलें
मानसून और बरसात के इस मौजूदा सीजन ने गुरुग्राम की ड्रेनेज व्यवस्था और सड़कों के निर्माण की गुणवत्ता को पूरी तरह बेनकाब कर दिया है। हल्की सी बारिश होते ही ये गहरे गड्ढे पानी से लबालब भर जाते हैं, जिससे वाहन चालकों को सड़क और गड्ढे का अंतर समझ नहीं आता।
रॉकी मित्तल ने स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जलभराव और सड़कों की यह बदहाली साफ दर्शाती है कि मानसून से पहले किए जाने वाले कागजी दावे कितने खोखले थे। जलजमाव के कारण सड़कों की रोड़ियां बाहर निकल आई हैं, जिससे स्थिति और भी भयावह हो गई है।
करोड़ों का बजट साफ, फिर भी सफाई नहीं
सड़कों की टूट-फूट के साथ-साथ रॉकी मित्तल ने सफाई व्यवस्था पर भी कड़ा रोष जताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि गुरुग्राम नगर निगम और संबंधित विभागों को शहर की साफ-सफाई के लिए हर साल करोड़ों रुपये का भारी-भरकम बजट आवंटित किया जाता है। इसके बावजूद, जमीनी स्तर पर सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ी है।
शहर के रिहायशी इलाकों से लेकर मुख्य सड़कों के किनारों तक कचरे के बड़े-बड़े पहाड़ और ढेरों को आसानी से देखा जा सकता है। नियमित रूप से कूड़ा न उठाए जाने के कारण सड़कों पर बदबू फैल रही है और संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी तेजी से बढ़ गया है।
अधिकारियों पर लापरवाही और भ्रष्टाचार का आरोप
रॉकी मित्तल ने सीधे तौर पर अधिकारियों की लापरवाही और भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये टैक्स के रूप में चुकाने वाली गुरुग्राम की जनता आज बुनियादी सुविधाओं जैसे- साफ सड़क और स्वच्छ वातावरण के लिए भी तरस रही है। जनता इस बदहाली से पूरी तरह त्रस्त है, जबकि स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़कर मूकदर्शक बने बैठे हैं।
गुरुग्राम-फरीदाबाद टोल पर सवाल
रॉकी मित्तल ने गुरुग्राम-फरीदाबाद टोल प्लाजा पर एक और बड़ा खुलासा करते हुए सीधे तौर पर लूट का आरोप लगाया है। मित्तल ने दावा किया कि इस टोल प्लाजा की तय समय अवधि (टेंडर का समय) पूरी हो चुकी है, इसके बावजूद नियमों को ताक पर रखकर वाहन चालकों से अवैध रूप से टोल वसूला जा रहा है।
उन्होंने कहा कि समय सीमा खत्म होने के बाद जनता से पैसा वसूलना सरासर धोखाधड़ी है। अवधि समाप्त होने के बाद भी करोड़ों रुपये की अवैध उगाही जारी है। मित्तल ने इस मामले में उच्च अधिकारियों की मिलीभगत की आशंका जताते हुए तुरंत इस टोल प्लाजा को बंद करने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
स्थानीय राजनीति में हलचल
रॉकी मित्तल की इस बेबाक वीडियो रिपोर्ट के बाद अब स्थानीय राजनीति गरमा गई है और सोशल मीडिया पर लोग गुरुग्राम प्रशासन से तुरंत इन गड्ढों को भरने और सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग कर रहे हैं।