- फरीदाबाद में बिना आधार-कार्ड के होंगे प्रवासी बच्चों के एडमिशन
हरियाणा : ब्रेकिंग न्यूज : फरीदाबाद के सरकारी स्कूलों में प्रवासी श्रमिक परिवारों के बच्चे परिवार पहचान पत्र या आधार कार्ड के बिना भी दाखिला लेकर पढ़ाई कर सकेंगे। स्कूल स्टाफ अपनी एमआइएस कर्मचारी आईडी का उपयोग करते हुए इन बच्चों के लिए अस्थाई प्रवेश आइडी तैयार करेगा। यह अस्थायी आइडी तब तक रहेगी, जब तक संबंधित बच्चे का परिवार पहचान पत्र नहीं बन जाता।
श्रमिक परिवार के बच्चों को मिलेगा फायदा
शिक्षा विभाग के अनुसार, शहर में बड़ी संख्या में प्रवासी श्रमिक परिवार रहते हैं। अमूमन इन परिवारों के बच्चों के पास हरियाणा का परिवार पहचान पत्र एवं आधार कार्ड नहीं होता, जिससे उन्हें सरकारी स्कूलों में दाखिला लेने में परेशानी का सामना करना पड़ता था। शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि दस्तावेज की कमी के चलते किसी भी बच्चे को पढ़ाई से वंचित नही रहने दिया जाएगा।
हर स्कूल में अलग से रजिस्टर होगा तैयार
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी बसंत कुमार ढिल्लो ने बताया कि, सभी स्कूलों को आदेश जारी किए हैं कि वो हर सरकारी स्कूल में अगल से एक रजिस्टर तैयार करें, जिसमें ऐसे बच्चों का रिकार्ड रखा जाए, जिन बच्चों का दाखिला अस्थाई आईडी के आधार पर किया गया है।
कागज की कमी के चलते नहीं रूकेगी पढ़ाई
उन्होंने कहा कि, हर 14 साल तक के बच्चे को बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत शिक्षा का अधिकार दिया गया है। किसी बच्चे को उसके पास कागजात की कमी के चलते स्कूल में दाखिला ना देना या फिर उसको पढ़ाई से वंचित करना कानून के खिलाफ है। मौलिक शिक्षा विभाग ने अपने आदेश में बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम (आरटीई) का हवाला देते हुए स्पष्ट किया है कि छह से 14 वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे को शिक्षा का अधिकार है। ऐसे में किसी भी बच्चे को केवल दस्तावेज की कमी के आधार पर प्रवेश से वंचित करना कानून के खिलाफ है।
स्कूलों को दाखिले को लेकर दिए निर्देश
सरकारी स्कूलों को आदेश दिए गए हैं कि वो अपने क्षेत्र में ज्यादा से ज्यादा बच्चों का दाखिला कराएं। इसे लेकर स्कूल प्रिसिंपल के साथ बैठक भी की गई है। जिसमें दाखिले को लेकर उनको जानकारी दी गई है। ग्रामीण इलाकों में गांव में जाकर बच्चों का दाखिला कराने के लिए बोला गया है, ताकि कोई बच्चा छूट ना सके।