March 30, 2026
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  • चुनाव आयोग का फैसला, हाईकोर्ट पहुंची कांग्रेस, एक अप्रैल को सुनवाई

हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज : हरियाणा के तीन बड़े नगर निगमों पंचकूला, अंबाला और सोनीपत में मेयर और पार्षदों के चुनाव में ईवीएम के साथ VVPAT जोड़ने की मांग पर 18 मार्च को चुनाव आयोग में सुनवाई हुई थी। सुनवाई के बाद हरियाणा चुनाव आयोग ने कांग्रेस की मांग को खारिज करते हुए अपना फैसला सुना दिया है।

हरियाणा चुनाव आयोग ने अपने फैसले में कहा कि पहले कभी भी नगर निगम चुनाव के दौरान प्रदेश में ईवीएम के साथ VVPAT को नहीं जोड़ा गया है। हरियाणा चुनाव आयोग के पास ईवीएम के अनुपात में VVPAT भी उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में आयोग पहली बार ईवीएम के साथ VVPAT जोड़ने का प्रयोग नहीं करेगा।

RTI से हुआ था खुलासा : पंचकूला के कांग्रेस नेता रविंद्र रावल ने कुछ दिन पहले आरटीआई से जानकारी हासिल की थी कि चुनाव में किस प्रक्रिया का प्रयोग होगा। जिसमें उन्हें जवाब मिला था कि केवल EVM का प्रयोग, जिसके साथ VVPAT भी नहीं होगी।

हाईकोर्ट पहुंची कांग्रेस : इसके बाद चुनाव में पारदर्शिता की मांग को लेकर पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट पहुंची। जहां पर उनकी याचिका पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने निर्देश दिए कि वे पहले हरियाणा चुनाव आयोग के सामने अपनी आपत्ति दर्ज करवाए।

चुनाव आयोग ने सुना पक्ष : हाईकोर्ट के निर्देश पर हरियाणा चुनाव आयोग ने कांग्रेस नेता नेता रविंद्र रावल को सुनवाई के लिए 18 मार्च को समय दिया। उनकी मांग को सुना गया तथा सुनवाई के दौरान उन्होंने अपने वकील के साथ पहुंचकर आयोग के सामने अपने तथ्य रखे।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले का दिया हवाला 

कांग्रेस नेता व पंचकूला के पूर्व चेयरमैन रविंद्र रावल ने चुनाव आयोग को सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले का हवाला देते हुए बताया कि चुनाव में वीवीपैट जरूरी है या फिर चुनाव को बैलेट पेपर के माध्यम से करवाया जाए। रावल ने बताया कि वीवीपैट की कमी होने की बात अधिकारियों ने कही है। जिस पर उनके द्वारा तर्क दिया है कि वे केंद्रीय चुनाव आयोग से इसमें मदद ले सकते हैं।

अब फिर हाईकोर्ट में होगी सुनवाई

रावल ने बताया कि हरियाणा चुनाव आयोग ने उनकी याचिका को खारिज कर दिया है। अब चुनाव आयोग ने ईवीएम के साथ वीपीपैट नहीं जोड़ने की घोषणा की, उसके खिलाफ हाईकोर्ट में चले गए हैं। केस की सुनवाई एक अप्रैल को होगी। उन्हें भरोसा है कि हाईकोर्ट से उनके पक्ष में आएगा।

पंचकूला व सोनीपत मेयर के लिए अनारक्षित

नगर निगम चुनाव के लिए निकले ड्रा के अनुसार अंबाला को महिला बीसी-B के लिए रिजर्व किया गया, जबकि पंचकूला और सोनीपत की सीट अनारक्षित रहेगी। तीनों नगर निगमों के मेयर और पार्षदों का कार्यकाल समाप्त हो चुका है। खास बात ये है कि हरियाणा में बीसी-बी की महिला के लिए पहली बार मेयर पद आरक्षित हुआ है।

हालांकि पानीपत में बीसी-बी कैटेगिरी से संबंध रखने वाली कोमल सैनी मेयर हैं। बता दें कि पानीपत मेयर की सीट महिला के रिजर्व थी। तब भाजपा ने जनरल कैटेगिरी की बजाय बीसी-बी वर्ग की कोमल सैनी को प्रत्याशी बनाया था। अब रिजर्वेशन की वजह से पहली बार कोई मेयर पद बीसी-बी वर्ग की महिला के लिए आरक्षित किया गया हैं।

अंबाला में बीजेपी की शैलजा ने कांग्रेस की अमीषा को हराया था 

अंबाला में 2 मार्च को नगर निगम चुनाव हुए थे। वोटिंग के दस दिन बाद यानि 12 मार्च को आए परिणाम में बीजेपी ने इस सीट पर जीत हासिल की थी। बीजेपी की प्रत्याशी शैलजा संदीप सचदेवा ने कांग्रेस की अमीषा सचदेवा को 20 हजार से भी अधिक मार्जिन से हराया है।

14 राउंड की वोटिंग के बाद 40,620 वोट मिले। वहीं कांग्रेस की अमीषा सचदेवा सिर्फ 20,133 वोट हासिल कर पाई थीं।

पंचकूला में भाजपा के कुलभूषण गोयल ने जीता था चुनाव 

पंचकूला नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी ने 2020 में मेयर पद हुए चुनाव में जीत हासिल की थी। यहां से मेयर का चुनाव भाजपा उम्मीदवार कुलभूषण गोयल ने जीता था। कुलभूषण गोयल को कुल 49860 वोट मिले थे, जबकि कांग्रेस की उम्मीदवार उपेंद्र कौर अहलूवालिया को 47803 वोट मिले।

सोनीपत में भाजपा के राजीव जैन ने जीत दर्ज की थी

सोनीपत नगर निगम मेयर पद के लिए मार्च 2025 में उप चुनाव हुए थे। इस चुनाव में भाजपा प्रत्याशी राजीव जैन ने जीत दर्ज की थी। उन्होंने मेयर उपचुनाव में कांग्रेस के कमल दिवान को 34,749 वोटों से हरा दिया था।