July 4, 2026
4 july 11
  • हिसार से बठिंडा होकर गुजर रही मानसूनी रेखा

हरियाणा ब्रेकिंग न्यूज :  दक्षिण-पश्चिम मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है और अब यह हरियाणा के हिसार तक पहुंच चुका है। मानसूनी रेखा हरियाणा के हिसार और पंजाब के बठिंडा से गुजर रही है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के बुलेटिन के अनुसार, मानसून गुजरात, मध्य प्रदेश और राजस्थान के बचे इलाकों को कवर करते हुए हरियाणा के नए क्षेत्रों में प्रवेश कर गया है।

अगले 4-5 दिनों में इसके पूरे सूबे में छा जाने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल हैं। मानसून के आगे बढ़ने से आज से प्रदेश में बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी, जिससे पिछले कई दिनों से जारी उमस भरी गर्मी से लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

मौसम की बात करें तो हरियाणा के 17 जिलों उत्तरी और दक्षिणी-पूर्वी हिस्सों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। इसके तहत अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल, पंचकूला, सोनीपत, पानीपत, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, नूंह और रोहतक जैसे इलाकों में गरज-चमक के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

 

उत्तरी-दक्षिण में बरसे बादल, पश्चिम में इंतजार

वर्तमान में मानसून का असर मुख्य रूप से पूर्वी, उत्तरी और दक्षिणी हरियाणा में दिख रहा है। पिछले 24 घंटों में यमुनानगर में सबसे ज्यादा 11.0 मिमी, सोनीपत में 6.5 मिमी, महेंद्रगढ़ में 6.0 मिमी और गुरुग्राम में 5.0 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इसके उलट, पश्चिमी जिलों सिरसा और फतेहाबाद में अभी मानसून सुस्त है, वहां अधिकांश हिस्से सूखे रहे हैं। हालांकि, 6 जुलाई से मानसूनी सिस्टम पूरे प्रदेश को एक समान रूप से भिगोएगा।

किसानों के लिए एडवाइजरी

इस मानसूनी बारिश से जहां आम जनता को गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं यह समय किसानों के लिए धान की रोपाई और अन्य खरीफ फसलों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगा। मौसम विभाग ने कृषि गतिविधियों (जैसे सिंचाई, खाद और कीटनाशकों का छिड़काव) को मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार ही करने की सलाह दी है। धान की नर्सरी और कपास उत्पादक किसान जलभराव से बचने के लिए खेतों में पानी की निकासी का उचित प्रबंधन रखें।

अंबाला में सबसे ज्यादा उमस और गर्मी

मानसून की आहट और बादलों की आवाजाही से हरियाणा के अधिकतम तापमान में उतार-चढ़ाव जारी है। अंबाला में सबसे अधिक 38.6°C तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.0°C ज्यादा है। राज्य के उत्तरी हिस्सों में बारिश न होने से पारा सामान्य से ऊपर चल रहा है, जिससे उमस बढ़ी है। वहीं, जिन इलाकों में हल्की बारिश हुई है, वहां तापमान सामान्य से 2 से 5°C तक नीचे गिर गया है।

नारनौल की रातें सबसे ठंडी 

मानसून के एक्टिव होने से पहले हवा में नमी बढ़ने के कारण न्यूनतम तापमान में 3.5°C की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि, राज्य में सबसे कम न्यूनतम तापमान नारनौल में 21.0°C रहा, जो सामान्य से 5.0°C कम है। इसके विपरीत, अधिकांश शहरों में रात का पारा 26°C से 29°C के बीच रहा। फरीदाबाद में पारा 29.7°C रहा।