- 20 इंच तक बर्फ गिरी, स्कूल-हाईवे बंद
- साल लाख घरों में बिजली गुल, 8 हजार फ्लाइट कैंसिल हुए
अमेरिका में रविवार से जारी बर्फीले तूफान ने देशभर में हालात बिगाड़ दिए है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 20 राज्यों और राजधानी वॉशिंगटन डीसी में इमरजेंसी घोषित कर रखा है।
नेशनल वेदर सर्विस (NWS) के मुताबिक, तूफान लगभग 3,220 किलोमीटर के एरिया में फैला है। करीब 21 करोड़ यानी दो-तिहाई अमेरिकी इस तूफान की चपेट में है। डेली मेल के मुताबिक न्यूयॉर्क समेत देशभर में अब तक 29 लोगों की जान गई है।
देश के कई इलाके में 12 से 20 इंच तक बर्फ गिरी, जिससे हाईवे बंद हो गए, उड़ानें रद्द हुईं और स्कूलों में छुट्टियां घोषित कर दी गईं। सोमवार शाम तक करीब 7 लाख घर बिना बिजली के रहे।
फ्लाइटअवेयर के अनुसार सोमवार को देशभर में 8,000 से ज्यादा उड़ानें रद्द हुईं। शुक्रवार से अब तक 31,000 से अधिक उड़ानें बाधित हो चुकी हैं। वहीं, रविवार को 10,800 से अधिक उड़ानें रद्द हुई हैं। एक्स्पर्ट्स का कहना है कि फ्लाइट कैंसिल और देरी की समस्या कई दिनों तक बनी रह सकती है।
बिजली आने में हफ्तों लग सकते है
अमेरिका का टेनेसी सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ। यहां रविवार दोपहर तक लगभग 3.37 लाख घरों और व्यवसायों में बिजली नहीं थी।
लुइसियाना और मिसिसिपी में 1 लाख से ज्यादा घरों में बिजली नहीं थी। केंटकी, जॉर्जिया, अलबामा और वेस्ट वर्जीनिया में भी लाखों घर बिजली के बिना है। बर्फ और बर्फीली बारिश से पेड़ और पावर लाइन टूट गए।
टिप्पाह इलेक्ट्रिक पावर ने बताया कि नुकसान बड़ा है। वापस बिजली सप्लाई शुरू करने में कई सप्ताह लग सकते हैं। टेनेसी वैली अथॉरिटी ने कहा कि मुख्य पावर सिस्टम स्थिर है, लेकिन कुछ क्षेत्रों में बिजली दिक्कत जारी है।
माइनस 45°C तक पहुंचा तापमान
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 20 राज्यों में इमरजेंसी घोषित किया है। फेडरल इमरजेंसी मैनेजमेंट एजेंसी (FEMA) ने कई राज्यों में जरूरी सामान, स्टाफ और सर्च एंड रेस्क्यू टीमों को तैनात किया है।
न्यूयॉर्क की गवर्नर कैथी होचुल ने कहा कि राज्य को सालों में सबसे लंबी ठंड और सबसे ज्यादा बर्फबारी के लिए तैयार रहना होगा।
कनाडा की सीमा के पास के इलाकों में पहले ही रिकॉर्ड 0°C से नीचे है। वॉटरटाउन में तापमान -37 डिग्री सेल्सियस और कोपेनहेगन में -45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
होचुल ने कहा कि हमारे राज्य पर आर्कटिक तूफान का असर हुआ है। यह बेहद कड़ा, हड्डियों को जकड़ने वाला है।
पोलर वोर्टेक्स से जूझ रहा है अमेरिका
अमेरिका के कई राज्य इस समय भीषण ठंडी हवाओं से जूझ रहे हैं। इसकी बड़ी वजह पोलर वोर्टेक्स (ध्रुवीय भंवर) को माना जा रहा है। पोलर वोर्टेक्स में हवाएं काउंटर क्लॉकवाइज (घड़ी की उल्टी दिशा) बहती हैं। पोलर वोर्टेक्स भौगोलिक संरचना के कारण आमतौर पर नॉर्थ पोल के चारों ओर घूमता है, लेकिन जब यह दक्षिण की तरफ बढ़ता है तो अमेरिका, यूरोप और एशिया में भारी ठंड लाता है।